अडानी ग्रुप अब मार्केट से बहुत बड़ी रकम उठाने जा रहा है।

हालाँकि ये फैसला कुछ महीने पहले ही लिया जाना था।

लेकिन हिंडनबर्ग रिपोर्ट के चलते इस फैसले पर रोक लगा दी गई थी।

हिंडनबर्ग रिपोर्ट को आये 3 महीने से ज्यादा का समय बीत चुका है।

उस रिपोर्ट का असर अब लगभग पूरी तरीके से खत्म हो चुका है।

अडानी ग्रुप के सभी शेयर्स भी अच्छा ग्रोथ दिखा रहे है।

इसीलिए अडानी ग्रुप अब मार्केट से पैसा उठाने को तैयार है।

जल्द ही अडानी एंटरप्राइजेज कम्पनी की बोर्ड मीटिंग हुई है।

बोर्ड मीटिंग में कम्पनी ने  12500 करोड़ रुपये जुटाने का फैसला लिया है।

हालाँकि SEBI अभी भी हिंडनबर्ग रिपोर्ट के आरोपों की जाँच कर रही है।

अडानी एंटरप्राइजेज एक अपने बयान में कहा कि -

कम्पनी या तो क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल प्लेसमेंट (QIP) के जरिये या फिर...

अन्य स्वीकार्य मोड के जरिए इक्विटी शेयर बेचकर फंड जुटाने की योजना बना रहे है।

 QIP फंड जुटाने का एक तरीका है जिसका इस्तेमाल व्यापार करते है।

The End...